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बदरीनाथ धाम में खजांची को हटाया, तीन कार्मिको के साथ एक श्रद्धालु का नाम भी हेराफेरी में आया

The treasurer was removed from Badrinath Dham, along with three employees, the name of a devotee also came up in the fraud

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बदरीनाथ धाम में खजांची को हटाया, तीन कार्मिको के साथ एक श्रद्धालु का नाम भी हेराफेरी में आया

चांदी के रिकार्ड में ओवरराइटिंग पाए जाने पर हुई खजांची के विरुद्ध यह कार्रवाई, मंदिर समिति ने नोटिस भी थमाया, बीकेटीसी के तीनों कार्मिकों को भी दिया जा रहा नोटिस, श्रद्धालु से है अब पूछताछ की तैयारी, गढ़वाल कमिश्नर आनंद स्वरूप ने मांगा एसआइटी प्रभारी मदन बिष्ट और बीकेटीसी के सीईओ सोहन सिंह रांगड़ से चढ़ावे की गणना का रिकार्ड

देहरादून, 14 जुलाई 2026: बदरीनाथ धाम में दान-चढ़ावा चोरी मामले में सोमवार को बदरी-केदार मंदिर समिति (बीकेटीसी) के आरोपित वैयक्तिक सहायक प्रमोद
नौटियाल की गिरफ्तारी के बाद संदेह के आधार पर  खजांची संदेश मेहता को भी हटा दिया गया। उन्हें नोटिस दिया गया है। इसके अलावा बीकेटीसी के तीन कर्मचारियों और एक श्रद्धालु का नाम भी मामले में सामने आया है। मंदिर समिति व एसआइटी जांच में इनकी संलिप्तता की पुष्टि हुई। सूत्रों के अनुसार तीनों कार्मिकों को नोटिस दिया जा रहा है, जबकि श्रद्धालु से पूछताछ की तैयारी है। वहीं, गढ़वाल कमिश्नर आनंद स्वरूप की अध्यक्षता वाली तीन सदस्ययीय उच्चस्तरीय जांच समिति ने भी मंगलवार को बदरीनाथ धाम पहुंचकर दोनों जांच समितियों से अब तक की प्रगति जानी। गणना की प्रक्रिया जानने व गणना स्थल का निरीक्षण करने के साथ उन्होंने कार्मिकों के बयान भी लिए। उन्होंने मंदिर समिति से गणना का पूरा रिकार्ड एसडीएम ज्योतिर्मठ के माध्यम से उपलब्ध कराने को कहा है।

मंगलवार को बदरीनाथ धाम पहुंचे गढ़वाल कमिश्नर ने जब एसआइटी प्रभारी एवं डीएसपी मदन बिष्ट व बीकेटीसी के सीईओ सोहन सिंह रांगड़ से गणना के दस्तावेज जांचे तो उसमें चांदी के रिकार्ड में ओवरराइटिंग मिली। इसके बाद बीकेटीसी ने उन्हें खजांची से हटाकर पूजा काउंटर पर भेज दिया। एसआइटी व उच्चस्तरीय समिति की जांच के केंद्र में अभी 25 जून से लेकर दो जुलाई तक की गणना है। जांच में गणना के दौरान मौजूद अन्य कार्मिकों व एक श्रद्धालु की भूमिका भी संदेह के घेरे में है। सूत्र बताते हैं कि 25 जून की गणना के दौरान एक श्रद्धालु के भी जेब में कुछ सामग्री डालने की तस्वीर सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई है। उसकी पहचान कर ली गई है। बताया जा रहा कि विष्णु प्रयाग जल विद्युत परियोजना में कार्यरत यह श्रद्धालु अक्सर गणना में शामिल होता रहा है। सूत्रों के अनुसार जांच में अन्य कई अधिकारी-कर्मचारी भी लपेटे में आ सकते हैं। खासकर हेराफेरी मामले में कुछ अधिकारियों की चुप्पी उनकी भूमिका को संदेहास्पद बना रही है।


पांच नहीं, बदरीनाथ धाम में लगे हैं 26 दानपात्र

बदरीनाथ धाम में मंदिर के अंदर दो, परिसर में तीन और सिंहद्वार समेत अन्य स्थानों पर 21 दानपात्र लगाए गए हैं। इन सभी की गणना एक साथ होती है। अब तक बताया जा रहा था कि मंदिर में कुल पांच दानपात्र हैं। बताया गया कि मंदिर अधिकारी व सहायक मंदिर अधिकारी की मौजूदगी में इन दानपात्रों को गणना स्थल पर खाली कराया जाता है और फिर दान-चढ़ावे की गणना की जाती है।

गणना प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए कमिश्नर ने दिए कई सुझाव

बदरी-केदार मंदिर समिति के मुख्य कार्याधिकारी सोहन सिंह रांगड़ ने बताया कि संदेह के आधार पर समिति के खजांची संदेश मेहता को हटाकर कारण बताओ नोटिस दिया गया है। वहीं, गढ़वाल कमिश्नर आनंद स्वरूप ने गणना प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं। उन्हें तत्काल अमल में लाया जा रहा है। इसके तहत गणना स्थल पर आधे हिस्से में शीशा और आधे हिस्से में जाली लगाई जाएगी। साथ ही यहां द्वार लगाकर सुरक्षाकर्मी की तैनाती की जाएगी, जो यहां जांच-पड़ताल के बाद ही गणना कर्मियों को अंदर जाने देगा।

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