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हर-हर महादेव के उद्घोष से गूंजी हिमालय की वादियां, रुद्रनाथ धाम में विराजमान हुए बाबा चतुर्थ केदार

The Himalayan valleys resounded with the chants of Har Har Mahadev; Baba Chaturthi Kedar was enthroned at Rudranath Dham

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हर-हर महादेव के उद्घोष से गूंजी हिमालय की वादियां, रुद्रनाथ धाम में विराजमान हुए बाबा चतुर्थ केदार

श्रद्धालुओं के लिए खोले गए रुद्रनाथ धाम के कपाट, यहां होते हैं भगवान शिव के एकानन स्वरूप के दर्शन, इसके लिए पैदल तय करनी पड़ती है 19 किमी की दूरी, केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग के बफर जोन से होकर गुजरता है पैदल मार्ग

देहरादून, 18 मई, 2026: चमोली जिले में समुद्रतल से 11,808 फ़ीट की ऊंचाई पर स्थित चतुर्थ केदार रुद्रनाथ धाम के कपाट सोमवार दोपहर 12:45 बजे श्रद्धालुओं के लिए खोल दिये गए। बड़ी तादाद ने मौजूद श्रद्धालु, साधु-संत व स्थानीय लोग इस भव्य एवं गरिमामय धार्मिक समारोह के साक्षी बने। इससे पहले बाबा रुद्रनाथ की चल विग्रह उत्सव डोली पनार बुग्याल से रुद्रनाथ धाम पहुंची।

पंचकेदार में चतुर्थ बाबा रुद्रनाथ की गुफा में भगवान शिव के ‘एकानन स्वरूप यानी मुख दर्शन होते हैं।I हिमालय की दुर्गम चोटियों के मध्य स्थित यह पवित्र धाम अपनी अद्भुत आध्यात्मिक ऊर्जा, प्राकृतिक सौंदर्य एवं रहस्यमयी दिव्यता के लिए विश्वभर में प्रसिद्ध है। रुद्रनाथ धाम की यात्रा बेहद कठिन, लेकिन रोमांचकारी पैदल मार्ग के लिए भी जानी जाती है। केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग के बफर जोन से होकर गुजरने वाली यह यात्रा श्रद्धालुओं को अध्यात्म, प्रकृति और आस्था के अद्भुत संगम का अनुभव कराती है। रुद्रनाथ धाम में बाबा का कोई मंदिर नहीं है, बल्कि गुफा को मंदिर का रूप दिया गया है। इसी गुफा में छह माह बाबा अपने भक्तों को दर्शन देते हैं।

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