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देहरादून और ऋषिकेश के लिए नहीं होगी बिजली की कमी

There will be no shortage of electricity for Dehradun and Rishikesh

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देहरादून और ऋषिकेश के लिए नहीं होगी बिजली की कमी

देहरादून में बिजली सप्लाई को नियंत्रित करने के लिए लगेगी आधुनिक SCADA प्रणाली। ऋषिकेश में जमीन अंदर बिछाई जाएगी बिजली की लाइन

देहरादून, 15 सितंबर 2025 : देहरादून और ऋषिकेश में अब बिजली की कमी नहीं होगी। केंद्र सरकार ने उत्तराखंड में बिजली व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए 547.83 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है। इस राशि से देहरादून में बिजली सप्लाई को नियंत्रित करने के लिए आधुनिक SCADA प्रणाली लगाई जाएगी, जबकि ऋषिकेश में बिजली के तारों को जमीन के अंदर बिछाया जाएगा।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस सहयोग के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय विद्युत मंत्री मनोहर लाल खट्टर का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं से देहरादून और ऋषिकेश के लाखों उपभोक्ताओं को सीधा फायदा होगा, और उन्हें बेहतर एवं सुरक्षित बिजली मिलेगी। इसके अलावा, मुख्यमंत्री के अनुरोध पर केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने किच्छा में महाराणा प्रताप चौक के पास एक रेलवे अंडरपास बनाने के लिए भी कदम उठाए हैं। इससे लोगों को रेलवे क्रॉसिंग पर लगने वाले जाम से मुक्ति मिलेगी। अधिकारियों को जल्द से जल्द साइट का निरीक्षण कर रिपोर्ट देने का निर्देश दिया गया है।

क्या है आधुनिक SCADA प्रणाली?

SCADA का पूरा नाम “Supervisory Control and Data Acquisition” है। इसे आप बिजली सप्लाई का एक स्मार्ट कंट्रोल रूम कह सकते हैं। यह एक ऐसी तकनीक है जो बिजली घर, सब-स्टेशन और ट्रांसफॉर्मर से जुड़ी होती है।
रियल-टाइम मॉनिटरिंग: यह प्रणाली बिजली की सप्लाई को लगातार मॉनिटर करती है, जिससे अधिकारी कहीं भी बैठकर बिजली व्यवस्था की निगरानी कर सकते हैं।
समस्या का पता लगाना: अगर किसी इलाके में बिजली कट जाती है, तो SCADA तुरंत उस जगह की पहचान कर लेता है और अधिकारियों को अलर्ट भेजता है। इससे बिजली की बहाली जल्दी हो पाती है।
कम नुकसान: यह सिस्टम बिजली की बर्बादी को भी कम करने में मदद करता है, जिससे बिजली कंपनी को होने वाला नुकसान कम होता है।

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