क्राइम

नकली दवाओं के सप्‍लायर निकले पंजाब से गिरफ्तार पति-पत्‍नी

Husband and wife arrested from Punjab turned out to be suppliers of fake medicines

खबर को सुनें


पंजाब से गिरफ्तार पति-पत्‍नी निकले नकली दवाओं के सप्लायर

देहरादून, 6 सितंबर 2025 : उत्तराखंड एसटीएफ ने ब्रांडेड कंपनियों के नाम पर नकली दवाएं बनाने और उनकी सप्लाई करने वाले एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में, दो और प्रमुख आरोपी, एक पति-पत्नी की जोड़ी को पंजाब के जीरकपुर से गिरफ्तार किया गया है। इन दोनों की पहचान प्रदीप कुमार और श्रुति डावर के रूप में हुई है, जो इस पूरे नेटवर्क के मुख्य सूत्रधार माने जा रहे हैं।
एसटीएफ की लगातार जांच में अब तक इस गिरोह के 12 सदस्यों को गिरफ्तार किया जा चुका है। यह गिरोह देहरादून और हरिद्वार में नकली दवाएं तैयार करता था और फिर उन्हें पैक करने के लिए राजस्थान के भिवाड़ी भेजता था। वहां, ये दवाएं बिल्स्टर मशीन की मदद से ब्रांडेड कंपनियों के नाम पर पैक की जाती थीं और बाद में देश के छह राज्यों में बेची जाती थीं।
जांच के दौरान यह भी खुलासा हुआ है कि प्रदीप कुमार 2021 में भी नकली रेमडेसिविर बेचने के आरोप में जेल जा चुका है। उसकी फर्जी फर्म ‘साईं फार्मा’ के बैंक खाते में पिछले दो वर्षों में लगभग 14 करोड़ रुपये का लेनदेन हुआ है। इसके अलावा, वह पानीपत में ए.पी. मेडिकोज नामक एक मेडिकल स्टोर भी चलाता था, जिसका इस्तेमाल नकली दवाओं की आपूर्ति के लिए किया जाता था। एसटीएफ प्रमुख नवनीत सिंह भुल्लर के नेतृत्व में यह कार्रवाई जारी है।

Global Ganga News

साथियों, Globalganga.com के मंच पर आपका स्वागत करते हुए हम स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। यह ऐसा मौका है, जब हम भी वेब पोर्टल की भीड़ में शामिल होने जा रहे हैं, इस संकल्प के साथ कि भीड़ का हिस्सा होते हुए भी हमेशा भीड़ से अलग दिखने का प्रयास करेंगे। हम चाहते हैं कि उत्तराखंड की संस्कृति एवं परंपराओं का देश-दुनिया में प्रसार हो, उत्तराखंड की बोली-भाषाएं समृद्ध हों और उन्हें स्वतंत्र पहचान मिले, यहां आध्यात्मिक पर्यटन एवं तीर्थाटन का विकास हो …और सबसे अहम बात यह कि इस सब में हमारी भी कुछ न कुछ भागीदारी अवश्य रहे। साथ ही एक विनम्र आग्रह भी है कि अपने कीमती सुझावों से समय-समय पर अवगत कराते रहें। ताकि सुधार की प्रक्रिया निरंतर गतिमान रहे। अंत में सिर्फ इतना ही कहना है कि हम एक-दूसरे पर भरोसा बनाये रखें। यही भरोसा समाज में संवाद की बुनियाद मजबूत करने का आधार बनेगा। इन्हीं शब्दों के साथ आइये! कामना करें कि- ‘सबके हृदय में सर्वदा संवेदना की दाह हो, हमको तुम्हारी चाह हो, तुमको हमारी चाह हो। -संपादक

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button