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गढ़वाल में पांच जान ले चुके गुलदार और भालू

Leopards and bears have claimed five lives in Garhwal

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गढ़वाल में पांच जान ले चुके गुलदार और भालू

वन्यजीवों के बढ़ते हमले से दहशत में हैं लोग, अस्त-व्यस्त हो चुका है जनजीवन

पौड़ी, 22 नवंबर 2025 : गढ़वाल क्षेत्र में गुलदार और भालू के बढ़ते हमलों ने हालात भयावह बना दिए हैं। स्थिति यह है कि शाम होते ही गांवों में लोग घरों में कैद होने को मजबूर हैं। आंकड़े बता रहे हैं कि मानव-वन्यजीव संघर्ष गंभीर रूप ले चुका है। वर्ष 2025 में अब तक गुलदार और भालू के हमलों में 5 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 37 से अधिक लोग घायल हुए हैं।

गुलदार का बढ़ता आतंक

गढ़वाल वन प्रभाग में अकेले गुलदार के हमलों में 4 लोगों की जान गई और 24 लोग घायल हुए हैं। पौड़ी नागदेव व दमदेवल रेंज में गुलदार सबसे अधिक सक्रिय रहा है। इन दोनों रेंज में गुलदार एक-एक व्यक्ति की जान ले चुका है। पोखड़ा रेंज में भी इस वर्ष दो लोगों की मौत गुलदार के हमलों में हुई है। नागदेव और दमदेवल रेंज को ही सबसे अधिक घायल भी मिले हैं।

भालू के हमले तेज, थलीसैंण रेंज सबसे प्रभावित

इस वर्ष भालू के हमलों के 13 मामले दर्ज हुए हैं। थलीसैंण रेंज सबसे अधिक प्रभावित है, जहां भालू ने एक व्यक्ति की जान ली और 12 लोगों को घायल किया है।

ग्रामीणों में आक्रोश, स्थायी समाधान की मांग

लगातार बढ़ते हमलों को लेकर ग्रामीणों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों में भारी नाराज़गी है। ग्रामीणों का कहना है कि वन विभाग घटना के बाद कुछ दिनों तक गश्त तो बढ़ाता है, लेकिन स्थायी समाधान की दिशा में प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे।

सामाजिक कार्यकर्ता विनोद दनोशी और नमन चंदोला ने कहा कि “पहाड़ों में रहना अब जोखिमपूर्ण हो गया है। हर दिन नए हमले ग्रामीणों को दहशत में जीने पर मजबूर कर रहे हैं।” उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द ठोस कदम नहीं उठाए तो ग्रामीण बड़े आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।

वन विभाग की प्रतिक्रिया

प्रभागीय वनाधिकारी (DFO) अभिमन्यु सिंह ने कहा कि गुलदार प्रभावित क्षेत्रों में गश्त बढ़ाई गई है। ग्रामीणों को सावधानी बरतने के लिए लगातार जागरूक किया जा रहा है।

ताज़ा हमले : दो महिलाएं और एक युवक घायल

पौड़ी: गुरुवार को एक महिला की जान लेने के अगले ही दिन डोभाल ढांडरी गांव की 62 वर्षीय भगवान देवी पर गुलदार ने हमला कर दिया। महिला के गले पर गहरे घाव हैं। उनका जिला अस्पताल में उपचार चल रहा है। वन विभाग ने नियम अनुसार मुआवज़ा देने की बात कही है।
पिथौरागढ़ (धारचूला): जयकैट गांव में शुक्रवार सुबह 36 वर्षीय नरेंद्र सिंह पर भालू ने हमला कर दिया। नरेंद्र ने साहस दिखाते हुए मुकाबला किया और शोर मचाया, जिससे ग्रामीण मदद को पहुंचे। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

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