अब इस नदी को मिलने जा रहा नया जीवन, पुनर्जीवन में खर्च होंगे 174 लाख रुपये

देहरादून, 29 अक्टूबर 2025 : उत्तराखंड में जल संरक्षण और भू-जल स्तर के पुनर्जीवन की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। चंद्रभागा नदी पुनर्जीवन परियोजना के लिए ₹174.70 लाख की स्वीकृति दी गई है। इसके साथ ही नैनीताल और उधमसिंह नगर जिलों के लिए ₹207.56 लाख की भू-गर्भीय जल रीचार्ज योजना को भी हरी झंडी मिल गई है।
मंगलवार को सचिव जलागम एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, स्प्रिंग एंड रिवर रिजुविनेशन अथॉरिटी दिलीप जावलकर की अध्यक्षता में हुई राज्य स्तरीय कार्यकारी समिति की चौथी बैठक में कुल तीन महत्वपूर्ण कार्ययोजनाओं को मंजूरी दी गई, जिनकी कुल लागत ₹382.26 लाख है।
सचिव जावलकर ने बैठक में सभी जनपदों को “वन डिस्ट्रिक्ट, वन रिवर” के सिद्धांत पर कार्ययोजनाएं तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वर्षा जल संरक्षण को प्रभावी बनाने के लिए स्थानीय समुदायों की भागीदारी अनिवार्य है। इस उद्देश्य से ग्राम पंचायत स्तर पर धारा-नौला संरक्षण समितियों का गठन किया जाएगा, जो जल स्रोतों के संरक्षण और निगरानी का कार्य करेंगी।
उन्होंने वैज्ञानिक दृष्टिकोण से भू-जल संरक्षण सुनिश्चित करने के लिए तकनीकी टीमों और स्थानीय पैराहाइड्रोलॉजिस्टों के प्रशिक्षण पर जोर दिया। साथ ही सभी विभागों के बीच समन्वित कार्यप्रणाली अपनाने के निर्देश दिए ताकि सतत जल प्रबंधन को सशक्त किया जा सके।
राज्य सरकार की यह पहल न केवल जल स्रोतों के संरक्षण की दिशा में एक मील का पत्थर है, बल्कि पारंपरिक जल प्रणालियों के पुनर्जीवन और सामुदायिक सहभागिता को भी नई ऊर्जा प्रदान करेगी।



