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चीन सीमा तक पहुंच हुई आसान, बीआरओ ने टोपीडुंगा तक बनाई सड़क

Access to China border eased, BRO builds road up to Topidunga

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चीन सीमा तक पहुंच हुई आसान, बीआरओ ने टोपीडुंगा तक बनाई सड़क

सुमना से टोपीडुंगा तक 69.69 किमी सड़क का निर्माण कार्य हुआ पूरा, अब तक सुमना से लपथल के बीच 22 किमी सड़क का ही हो पाया था निर्माण

देहरादून, 29 अक्टूबर 2025 : भारत-चीन सीमा से सटे उत्तराखंड के चमोली जनपद की मलारी घाटी में सीमांत सुरक्षा को मजबूत करते हुए सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। संगठन ने सुमना से टोपीडुंगा तक 69.69 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण पूरा कर लिया है, जिससे अब अग्रिम चौकियों तक पहुंचना बेहद आसान हो गया है। पहले सड़क केवल सुमना से लपथल (करीब 22 किमी) तक थी, लेकिन अब इसे आगे टोपीडुंगा तक विस्तारित किया गया है। इस उपलब्धि की पुष्टि बीआरओ के कमांडर अंकुर महाजन ने की है।

यह सड़क सामरिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि मलारी घाटी के बाड़ाहोती क्षेत्र में अतीत में चीन की घुसपैठ की घटनाएं हो चुकी हैं। रक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि नई सड़क से भारतीय सेना की त्वरित तैनाती और रसद आपूर्ति की क्षमता कई गुना बढ़ जाएगी।

करीब 230 करोड़ रुपये की लागत से तैयार यह सड़क 13,000 फीट की ऊंचाई से शुरू होकर 17,341 फीट की दुर्गम पर्वतीय श्रृंखला से होकर गुजरती है। बीआरओ की इस सफलता से न केवल सीमांत सुरक्षा को मजबूती मिली है, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए भी आवाजाही और विकास के नए रास्ते खुल गए हैं।

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